- हरी सब्जियों की कीमतों में उछाल से बढ़ेगी परेशानी
- तेल, सब्जी, फल और राशन महंगे होने से दोहरी मार
आगरा : बेमौसम बारिश और बढ़ते खर्चों ने आम आदमी की थाली का स्वाद फीका कर दिया है। सब्जियों और फलों के दाम आसमान छू रहे हैं, जिससे रसोई का बजट बिगड़ता जा रहा है। मौसम की मार से फसलों को नुकसान हुआ है, वहीं महंगा टोल टैक्स और परिवहन लागत ने कीमतों में और इजाफा कर दिया है। हालात यह हैं कि आम लोगों की पहुंच से कई हरी सब्जियां और फल दूर होते जा रहे हैं। बाजार में बैंगन, तोरई, मटर और फूलगोभी के दाम तेजी से बढ़े हैं, तो दूसरी ओर सेब, किन्नू, अंगूर और आम भी महंगे बिक रहे हैं। कीमतों में आई इस उछाल ने लोगों की जेब पर सीधा असर डाला है और घरों का बजट पूरी तरह गड़बड़ा गया है।
लोहा मंडी में सब्जी विक्रेता, केतन कुमार बताते हैं कि 10 दिनों के भीतर हरी सब्जियों की कीमतों में उछाल आया है। बैंगन 60 रुपये, तोरई 80 रुपये, मटर 100 रुपये ,फूल गोभी 70 रुपये है। दिल्ली गेट, फल विक्रेता विजय बताते है कि महंगा टोल, सप्लाई चैन में बाधा और मौसम में परिर्वतन के कारण मंडियों से फल महंगी दरों पर मिल रहे हैं। सेव 350 रुपये, किन्नू 200 रुपये, अंगूर 150 रुपये और दशहरी आम 350 रुपये किलोग्राम के भाव से मिल रहे हैं।
दाल चावल और रिफाइंड पहले से ही महंगी हैं । अब हरी सब्जियों
के महंगे होने से आम आदमी की जेब ढीली होगी और रसोई का बजट भी बढ़ रहा है। जानकारों का मानना है कि महंगाई दर बढ़ी है और इसके पीछे का के कई करण है। इनमें प्रमुख कारण खाड़ी देश के बीच चल रहा युद्ध भी है।
टाक ————————–
- सिकंदरा फल मंडी से ही फल महंगे मिल रहे हैं । 10 दिनों के भीतर फलों पर महंगाई आई है। थोक विक्रेता बताते है कि ऊपर से ही माल की सप्लाई में कमी आई है। -रोहित शर्मा, फल विक्रेता, राजा मंडी
- मौसम की मार के कारण सब्जियों में नुकसान हुआ है। उत्पादन पर असार पड़ा है। इसके अलावा भाड़ा महंगा हो गया है। जिस कारण सब्जियों की कीमतें पिछले 10 से 15 दिनों में बढ़ गई है। – गुड्डू कुशवाह, सब्जी विक्रेता, हलवाई की बगीची
- तेल, रिफाइंड, दाल, चावल पहले से ही महंगे हैं, अब सब्जियों के दाम भी बढ गए। महीने भर का रसोई बजट बढ़ गया है। घर चलाने में परेशानी होगी। – उमा भारती, ग्राहक, राधा नगर सिकंदरा
- इसी महीने बच्चों की किताब, ड्रेस खरीदी है। स्कूल फीस भरी गई है। ऊपर से फल, सब्जी और राशन पर महंगाई है। घर चलाने में कठिनाई हो रही है। गर्मियों में सब्जियां और महंगी होने की संभावना है- बीना, गृहिणी, केके नगर
10-15 दिनों में सब्जियों की बढ़ी हुई कीमतें (थोक – फुटकर)
सब्जी, थोक (रुपये,किलो), फुटकर (रुपये,किलो)
ब्रोकली, 340, 400
शिमला मिर्च, 250, 300
आवला, 250, 300
मटर, 80, 110
टिंडे, 80, 100
तोरई, 70, 100
भिंडी, 60, 80
फूल गोभी, 40, 70
बैंगन, 40, 60
करेला, 40, 60
टमाटर, 25, 40
पालक, 25, 40
धनिया, 30, 50
प्याज, 20, 35
फलों की कीमतें (थोक – फुटकर)
फल थोक (रुपये,किलो), फुटकर (रुपये,किलो)
सेब , 200, 350
दशहरी आम, 250, 350
अंगूर , 200, 300
किन्नू , 150, 250
केला, 25, 40
हर्ष शर्मा आगरा से एक युवा डिजिटल पत्रकार हैं, जो स्थानीय ख़बरों को सरल और सटीक तरीके से लोगों तक पहुँचाने का काम करते हैं। उनका फोकस ग्राउंड-रिपोर्टिंग, फैक्ट-चेकिंग और शहर से जुड़ी हर छोटी-बड़ी अपडेट को तेज़ी से पाठकों तक पहुँचाना है।
